कोरोना को गंभीर होने से रोकने में कोविशील्ड और कोवैक्सीन कितना प्रभावी? ICMR सर्वे से लगाएगा पता

0
234
367 Views

कोरोना वायरस के खिलाफ कोविशील्ड और कोवैक्सीन कितने प्रभावी हैं, इसका पता लगाने के लिए अब सर्वे किया जाएगा। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) कोविड-19 के टीकों कोविशील्ड और कोवैक्सीन के प्रभाव का पता लगाने के लिए अगले सप्ताह से सर्वेक्षण शुरू करेगा। इस दौरान, कोविड संक्रमण को गंभीर रूप लेने से रोकने में टीके के प्रभावी होने की जांच की जाएगी। 

सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) कोविशील्ड टीके का जबकि भारत बायोटेक कोवैक्सीन टीके का उत्पादन कर रही है। इन टीकों की शुरुआत के बाद से पहली बार इस तरह का सर्वेक्षण होगा। हालांकि, यहां यह जानना जरूरी है कि कोवैक्सीन टीका जहां फाइनल ट्रायल में 81 फीसदी कारगर रहा था, वहीं कोविशील्ड वैक्सीन करीब 71 फीसदी कारगर थी।

आईसीएमआर के राष्ट्रीय महामारी विज्ञान संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ तरुण भटनागर के मुताबिक, सर्वेक्षण के दौरान 45 वर्ष से अधिक आयु वाले ऐसे करीब 4,000 लोगों की समीक्षा की जाएगी जोकि दोनों टीकों में से किसी भी टीके की एक या दोनों खुराक ले चुके हों। भटनागर ने कहा कि शोध के दौरान, हम ऐसे लोगों को लेंगे जो कि कोरोना वायरस से संक्रमित हैं और अस्पताल में भर्ती हैं तथा उनके टीकाकरण की स्थिति की तुलना उन लोगों के साथ की जाएगी जोकि संक्रमण से मुक्त हो चुके हैं।

उन्होंने कहा कि इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि बीमारी को गंभीर रूप लेने से रोकने में टीकाकरण कितना प्रभावी है। वैज्ञानिक ने कहा कि अगले सप्ताह से यह सर्वेक्षण शुरू होने की उम्मीद है। उल्लेखनीय है कि देश में टीकाकरण अभियान शुरू होने के अब तक कोविड-19 टीके की 20 करोड़ से अधिक खुराक दी जा चुकी हैं।

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here